मंदसौर (यशस्वी दुनिया न्यूज़): मध्यप्रदेश पुलिस मुख्यालय, भोपाल द्वारा गुमशुदा बच्चों की तलाश के लिए चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत मंदसौर पुलिस को एक बड़ी और भावुक कर देने वाली सफलता मिली है। गरोठ थाना पुलिस ने 10 साल से लापता एक बालिका को राजस्थान से सुरक्षित दस्तयाब (बरामद) किया है।

10 साल पहले 17 साल की उम्र में हुई थी लापता
मामला 28 मई 2016 का है, जब गरोठ थाना क्षेत्र की रहने वाली मुस्कान (परिवर्तित नाम), जिसकी उम्र उस समय 17 वर्ष थी, बिना बताए घर से कहीं चली गई थी। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 220/2016 के तहत धारा 363, 366 भादवि में मामला दर्ज कर तलाश शुरू की थी।
पिछले एक दशक से पुलिस लगातार बालिका की तलाश में जुटी थी, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था। पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार मीणा (भापुसे) द्वारा ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत लंबित प्रकरणों में त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे।

राजस्थान के चित्तौड़गढ़ से मिली सफलता
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमलता कुरील के मार्गदर्शन और एसडीओपी गरोठ विजय कुमार यादव के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मामले की गहराई से विवेचना की। विवेचना के दौरान विश्वसनीय मुखबिरों और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस को बालिका के राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले में होने की सूचना मिली।
सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए गरोठ पुलिस टीम ने चित्तौड़गढ़ में दबिश दी और 10 साल पुराने इस चुनौतीपूर्ण मामले को सुलझाते हुए बालिका को सुरक्षित बरामद कर लिया। उक्त प्रकरण 10 वर्ष पुराना होकर ऑपरेशन मुस्कान के अंतर्गत मंदसौर पुलिस टीम का सराहनीय कार्य रहा।
इन अधिकारियों और टीम की रही सराहनीय भूमिका
इस सराहनीय कार्य में एसडीओपी गरोठ श्री विजय कुमार यादव के साथ निम्न टीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा:
- सउनि लक्ष्मीलाल जोशी
- प्रआर जगन्नाथ गुर्जर
- आरक्षक राजकुमार भट्ट
- आरक्षक योगेश शर्मा
- मआर खुश्बू
- आरक्षक नरेन्द्र सोनी
- आरक्षक भारतसिंह भाटी
- आरक्षक गोपालसिंह झाला
- सायबर टीम मंदसौर
पुलिस की इस सफलता ने ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के उद्देश्य को सार्थक किया है, जिससे एक बिछड़ा हुआ परिवार फिर से मिल सका।