नई दिल्ली/लखनऊ: भारत इस समय मौसम के दोहरे और खतरनाक मार का सामना कर रहा है। देश के एक हिस्से में जहां आसमान से आग बरस रही है, वहीं दूसरे हिस्से में कुदरत का ऐसा कहर टूटा है जिसने दर्जनों जिंदगियां निगल ली हैं। उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में बेमौसम आंधी, बारिश और आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं ने भारी तबाही मचाई है, जिसमें 94 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई है। वहीं दूसरी ओर, राजस्थान (Rajasthan) और मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) सहित उत्तर भारत के कई राज्य भयंकर लू (Heatwave) और भीषण गर्मी की चपेट में हैं, जहां तापमान 46 डिग्री के पार पहुंच चुका है।
उत्तर प्रदेश में कुदरत का कहर: 94 लोगों की मौत
उत्तर प्रदेश के कई जिलों में अचानक मौसम ने करवट ली और 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली धूल भरी आंधी और तूफानी बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। इस दौरान सबसे ज्यादा कहर आकाशीय बिजली (Lightning strikes) ने बरपाया। मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन के अनुसार, पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में आंधी-तूफान और आकाशीय बिजली गिरने से 94 लोगों की जान जा चुकी है।
इन जिलों में हुआ सबसे ज्यादा नुकसान:
- प्रयागराज (Prayagraj): यहां सबसे अधिक 17 लोगों की मौत आकाशीय बिजली और तूफान की चपेट में आने से हुई है।
- भदोही (Bhadohi): भदोही में भी कुदरत का रौद्र रूप देखने को मिला, जहां 16 लोगों की जान चली गई।
- फतेहपुर, कौशांबी और सोनभद्र: फतेहपुर में 7, कौशांबी में 6 और सोनभद्र में 5 लोगों की मृत्यु की खबर है।
- अन्य प्रभावित जिले: इसके अलावा मिर्जापुर, प्रतापगढ़, जौनपुर और चंदौली सहित कई अन्य जिलों में भी भारी जान-माल का नुकसान हुआ है। दर्जनों लोग घायल हैं और कई जगह पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ने से यातायात और बिजली आपूर्ति बाधित हुई है।
मौसम विभाग (IMD) ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उत्तर प्रदेश के 51 जिलों में अगले 48 घंटों के लिए येलो अलर्ट (Yellow Alert) जारी किया है, जिसमें लोगों से घरों में सुरक्षित रहने की अपील की गई है।
राजस्थान में आसमान से बरस रही आग: रेड अलर्ट जारी
जहां यूपी बारिश और तूफान से बेहाल है, वहीं पड़ोसी राज्य राजस्थान भयंकर गर्मी से झुलस रहा है। राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों में भीषण लू (Severe Heatwave) का प्रकोप जारी है। मौसम विभाग ने बाड़मेर, बीकानेर, जैसलमेर और जोधपुर जैसे सीमावर्ती जिलों के लिए रेड अलर्ट (Red Alert) जारी कर दिया है।
मंगलवार को जैसलमेर का तापमान रिकॉर्ड 46.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का सबसे गर्म दिन रहा। बीकानेर और जोधपुर में भी पारा 45 डिग्री के आसपास बना हुआ है। गर्म हवाओं के थपेड़ों ने लोगों का घर से निकलना मुहाल कर दिया है। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि वे दोपहर के समय अति आवश्यक कार्य होने पर ही घर से बाहर निकलें और खुद को हाइड्रेटेड रखें।
मध्य प्रदेश में लू का प्रकोप: 18 मई तक अलर्ट
मध्य प्रदेश में भी गर्मी अपने चरम पर पहुंचने लगी है। मालवा-निमाड़ और ग्वालियर-चंबल संभागों में पारा तेजी से ऊपर चढ़ रहा है। मौसम विभाग ने 18 मई तक प्रदेश के 25 से अधिक जिलों में लू चलने की चेतावनी दी है।
विशेष रूप से इंदौर (Indore), उज्जैन (Ujjain), धार (Dhar) और रतलाम (Ratlam) जैसे जिलों में भीषण गर्मी के चलते ऑरेंज अलर्ट (Orange Alert) जारी किया गया है। यहां दिन का तापमान 43 से 45 डिग्री के बीच झूल रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों को हीटस्ट्रोक (Heatstroke) के मरीजों के लिए विशेष वार्ड और दवाइयों की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं।
देश के अन्य राज्यों का हाल
- हरियाणा (Haryana): हरियाणा में भी तापमान तेजी से बढ़ रहा है और यहां मौसम विभाग ने 16 से 18 मई तक के लिए हीटवेव का येलो अलर्ट जारी किया है।
- बिहार (Bihar): दूसरी तरफ बिहार में मौसम ने करवट ली है। यहां कई जिलों में भारी बारिश और तेज हवाओं को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। किसानों को अपनी फसल सुरक्षित स्थानों पर रखने की सलाह दी गई है।
- उत्तराखंड (Uttarakhand): पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में भी आंधी-तूफान और बारिश का अनुमान है, जिसके लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। चारधाम यात्रा पर गए श्रद्धालुओं से मौसम का अपडेट लेकर ही यात्रा करने की अपील की गई है।
तूफान और आकाशीय बिजली से बचाव के उपाय (Safety Guidelines)
उत्तर प्रदेश और बिहार जैसे राज्यों में जहां आंधी-तूफान का अलर्ट है, वहां नागरिकों को निम्नलिखित सावधानियां बरतनी चाहिए:
- तूफान आने या बिजली कड़कने के दौरान कभी भी पेड़ों के नीचे या बिजली के खंभों के पास शरण न लें।
- खुले मैदान या खेत में हैं, तो तुरंत किसी पक्के मकान या सुरक्षित इमारत में चले जाएं।
- घर के इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के प्लग निकाल दें और खिड़की-दरवाजों से दूर रहें।
- धातु (Metal) की वस्तुओं, जैसे ट्रैक्टर या लोहे की ग्रिल को छूने से बचें।
लू और भीषण गर्मी से बचाव के उपाय (Heatwave Precautions)
राजस्थान और मध्य प्रदेश के निवासियों को इस भीषण गर्मी में अपना खास ख्याल रखने की आवश्यकता है:
- दिन में 12 बजे से 4 बजे के बीच घर से बाहर निकलने से बचें।
- नियमित रूप से पानी, नींबू पानी, छाछ या ओआरएस (ORS) का सेवन करते रहें, भले ही प्यास न लगी हो।
- हल्के रंग के, ढीले सूती कपड़े पहनें और सिर को ढकने के लिए टोपी, गमछा या छाते का इस्तेमाल करें।
- चक्कर आने, उल्टी होने या तेज सिरदर्द होने पर तुरंत नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें, यह हीटस्ट्रोक के लक्षण हो सकते हैं।
मौसम के इस बदलते और खतरनाक मिजाज के बीच ‘यशस्वी दुनिया’ आपसे अपील करता है कि मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लें और सुरक्षित रहें। देश और दुनिया की तमाम अहम खबरों के लिए हमारे साथ जुड़े रहें।